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लोकसभा चुनाव की तरह इस बार त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में भी सी-प्लान ऐप पुलिस का मददगार बनेगा। पुलिस विभाग इस ऐप का प्रयोग अब पंचायत चुनाव में भी करने जा रहा है। इसमें गांवों-कस्बों के दस-दस संभ्रांत लोग जुड़ेंगे। नाम के साथ उनके मोबाइल नंबर मौजूद रहेंगे। किसी भी अप्रिय घटना के घटित होने या अफवाह फैलने पर पुलिस संभ्रांत लोगों से संपर्क साधकर मामले की सच्चाई का पता लगाएगी और समय रहते स्थिति को नियंत्रित करेगी।

ऐप का सफल उपयोग

बागपत में लोकसभा चुनाव के दोरान पुलिस ने सी-प्लान ऐप की मदद ली थी। जिसका परिणाम यह रहा कि लोकसभा चुनाव शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। अब पुलिस विभाग त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में भी इस एप की मदद लेने जा रहा है।

सी प्लान एप को कम्युनिटी पुलिसिंग, आमजन से सीधे संवाद, कानून व्यवस्था बनाना और पुलिस के कार्यों में जनता की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से बनाया गया है।

एप में ग्राम व लोगों के नाम के साथ उनके मोबाइल नंबर मौजूद हैं। एप के जरिए एक क्लिक से ही इन लोगों के नंबर पुलिस कर्मियों के मोबाइल स्क्रीन पर आ जाते हैं।

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डीजीपी व यूपी 112 कंट्रोल रूम से जुड़ा एप

सी प्लान एप का संचालन सीधे लखनऊ से होता है। डीजीपी व यूपी 112 कंट्रोल रूम को एप से जोड़ा गया है। दोनों कंट्रोल रूम 24 घंटे काम करते हैं। समय-समय पर एप से जुड़े संभ्रांत नागरियों से समन्वय स्थापित किया जाता है। क्षेत्र में हो रही अपराधिक गतिविधियां आदि के संबंधों में जानकारी प्राप्त की जाती हैं।

ऐसे काम करता है सी प्लान एप

पुलिस कर्मियों के स्मार्ट फोन पर एप डाउनलोड करने के बाद संबंधित थाने का सीयूजी नंबर दर्ज करना होता है। सीयूजी नंबर दर्ज करने के बाद मोबाइल पर ओटीपी आता है। ओटीपी अंकित करते ही एप सक्रिय हो जाता है। पंचायत चुनाव को देखते हुए सी-प्लान एप को अपडेट किया जा रहा है। एप में दर्ज संभ्रांत नागरिकों की वर्तमान स्थिति की जानकारी की जा रही है।

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